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🌕 खगोलीय चंद्र कला व वैदिक तिथि

चंद्र कला कैलकुलेटर

आज की या अपनी जन्मतिथि की चंद्र कला, प्रकाश प्रतिशत, चंद्रमा की आयु (दिन) और वैदिक तिथि का सुंदर खगोलीय दृश्य।

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29.5 दिवसीय चंद्र मास व वैदिक तिथियों का विज्ञान

चंद्रमा का एक संपूर्ण मास (Synodic Month) औसतन 29.53 दिनों का होता है। वैदिक पंचांग में इसे दो पक्षों में बांटा जाता है: शुक्ल पक्ष (बढ़ती कलाएं, प्रतिपदा से पूर्णिमा) और कृष्ण पक्ष (घटती कलाएं, प्रतिपदा से अमावस्या)। प्रत्येक पक्ष में 15 तिथियां होती हैं जो मानव मन, समुद्र के ज्वार-भाटे और प्रकृति को गहराई से प्रभावित करती हैं।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQ)

चंद्रमा की 8 प्रमुख कलाएं कौन सी हैं? ▼

1. अमावस्या (New Moon, 0%), 2. शुक्ल पक्ष द्वितीया-षष्ठी (Waxing Crescent), 3. शुक्ल अष्टमी/प्रथमांश (First Quarter), 4. शुक्ल नवमी-चतुर्दशी (Waxing Gibbous), 5. पूर्णिमा (Full Moon, 100%), 6. कृष्ण प्रतिपदा-सप्तमी (Waning Gibbous), 7. कृष्ण अष्टमी (Last Quarter), और 8. कृष्ण नवमी-चतुर्दशी (Waning Crescent)।

पूर्णिमा के दिन जन्म लेने का क्या ज्योतिषीय प्रभाव होता है? ▼

पूर्णिमा (Full Moon) पर जन्म लेने वाले जातक अत्यंत सम्मोहक व्यक्तित्व, तीक्ष्ण बुद्धि, कलात्मक प्रतिभा और समाज में उच्च ख्याति प्राप्त करने वाले होते हैं।

अमावस्या पर जन्म लेने का क्या फल होता है? ▼

अमावस्या पर सूर्य और चंद्रमा का मिलन होता है। ऐसे जातक अत्यंत गंभीर, अंतर्मुखी, आध्यात्मिक रूप से जागृत और नए युग के निर्माण में कुशल होते हैं।