श्री सूर्य मंडल अष्टकम स्तोत्रं सनातन धर्म का अत्यंत पावन और चमत्कारी वैदिक स्तोत्र है। ब्रह्मांड पुराण / स्कंद पुराण में वर्णित यह स्तुति भगवान सूर्य नारायण के परम स्वरूप, अनुग्रह और संकटमोचक सामर्थ्य का गुणगान करती है।
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प्रातः काल ब्रह्म मुहूर्त अथवा संध्या काल में शुद्ध होकर रविवार, सप्तमी तिथि, मकर संक्रांति पर पाठ करना सर्वाधिक फलदायी माना गया है।
यह पाठ नकारात्मक ऊर्जा को दूर कर आत्मबल, शांति, सुरक्षा और अभीष्ट फल प्रदान करता है।
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