[ shiv Bhajan ]भोला भांग तुम्हारी,मैं घोटत घोटत हारी-bhola bhang tumhari main ghotat hari

श्लोक – भोले तो अलमस्त है,पिए धतूरा भंग,गले में सोहे कालिया,जटा में सोहे गंग,गंग भंग दो बहन है,जो रहे उमा के संग,जिन्दा तारण भंग है,मुर्दा तारण गंग।। भोला भांग तुम्हारी,मैं घोटत घोटत हारी,हमसे ना घोटी जाए,तेरी एक दीना की होए तो घोटु,रोज ना घोटी जाए।।बम भोला बम भोला बम भोला,बम भोला बम भोला बम भोला। … Read more